New Delhi : छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल पर ईडी ने शिकंजा कस दिया है. प्रवर्तन निदेशालय ने शराब घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में चैतन्य बघेल को गिरफ्तार कर लिया. शुक्रवार सुबह भूपेश बघेल के भिलाई आवास पर ईडी ने छापेमारी की थी. पूर्व मुख्यमंत्री ने ईडी की छापेमारी की ट्वीट कर जानकारी दी थी. भूपेश बघेल ने X पर पोस्ट कर लिखा था- “‘ED’ आ गई. आज विधानसभा सत्र का अंतिम दिन है. अडानी के लिए तमनार में काटे जा रहे पेड़ों का मुद्दा आज उठाना था. भिलाई निवास में ‘साहेब’ ने ED भेज दी है.” बता दें कि छत्तीसगढ़ शराब घोटाला कथित तौर पर फरवरी 2019 में शुरू हुआ था. इसमें कई लोगों के अलावे पूर्व सीएम भपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल भी आरोपी हैं.
एक्स पर भूपेश बघेल ने लिखा- ‘जन्मदिन पर छापेमारी, ताउम्र याद रहेगा’
आज ही चैतन्य बघेल का जन्मदिन भी है. भूपेश बघेल ने एक्स पर लिखा, “जन्मदिन का जैसा तोहफ़ा मोदी और शाह जी देते हैं वैसा दुनिया के किसी लोकतंत्र में और कोई नहीं दे सकता. मेरे जन्मदिन पर दोनों परम आदरणीय नेताओं ने मेरे सलाहकार और दो ओएसडी के घरों पर ईडी भेजी थी. और अब मेरे बेटे चैतन्य के जन्मदिन पर मेरे घर पर ईडी की टीम छापेमारी कर रही है. इन तोहफों का धन्यवाद. ताउम्र याद रहेगा.”
छत्तीसगढ़ शराब घोटाला से जुड़ा है मामला
बता दें कि छत्तीसगढ़ शराब घोटाला कथित तौर पर फरवरी 2019 में शुरू हुआ था. उस समय डिस्टिलरी से हर महीने 800 पेटी शराब लेकर 200 ट्रक भेजे जाते थे. बताया जाता है कि शुरू में प्रत्येक पेटी 2,840 रुपये में बेची जाती थी. बाद में जैसे-जैसे इस ऑपरेशन का विस्तार हुआ, महीने में इसकी मात्रा को दोगुना कर दिया गया. इसके बाद 400 ट्रक भेजे जाने लगे. इसके साथ ही पेटी की कीमत भी बढ़कर 3,880 रुपये हो गई. जांच में सामने आया कि केवल तीन साल के भीतर ही कथित तौर पर 60 लाख से अधिक पेटी शराब अवैध रूप से बेची गई, जिससे लगभग 2,174.60 करोड़ रुपये का अवैध राजस्व अर्जित हुआ.