Advertisement

पटना : चुनाव आयोग ने बिहार मतदाता सूची का प्रारूप किया प्रकाशित, चेक कर सकते हैं अपना नाम

Delhi/Patna : चुनाव आयोग ने बिहार मतदाना सूची का प्रारूप प्रकाशित कर दिया है. इसमें अगर किसी वोटर का नाम छूट गया है या मृत वोटर का नाम जुड़ गया है तो दावा/आपत्ति के जरिए उसे सुधारने का समय है. यह कार्य शनिवार 2 अगस्त से शुरू होगा. आप खुद ही ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में अपना या अपनों का नाम सर्च कर सकते हैं और अगर यह नहीं मिले तो अपने आसपास लग रहे कैम्प में जाकर दावा/आपत्ति दर्ज कर सकते हैं. चुनाव आयोग के अनुसार, वोटर लिस्ट प्रारूप में आपका या आपके अपनों का नाम नहीं दिखता है तो आप अपने आसपास प्रखंड-सह-अंचल कार्यालय या शहरी निकाय कार्यालय (जैसे- कार्यपालक पदाधिकारी का कार्यालय, नगर पंचायत, नगर परिषद् एवं नगर निगम अंचल कार्यालय) का पता लगाकर रख सकते हैं. यहीं दो अगस्त से निर्वाचन आयोग का कैम्प लगेगा. यह कैम्प सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक ऑपरेशनल रहेंगे. दो अगस्त से एक सितंबर तक यह कैम्प बगैर किसी छुट्टी के चलेंगे. मतलब रविवार को भी खुलेंगे और किसी पर्व-त्योहार के नाम पर भी बंद नहीं होंगे. जिनका वोटर लिस्ट में नाम गायब दिखे, वह यहां दावा या आपत्ति कर सकते हैं. जिले में कहीं के वोटर किसी भी ऐसे कैम्प में दावा या आपत्ति कर सकते हैं. इसके अलावा, जो अबतक वोटर नहीं बने थे या जो अब बालिग हो रहे हैं, वह मतदाता सूची में शामिल होने के लिए फॉर्म छह भी यहीं आकर भर सकते हैं.
मतदाता सूची ऑनलाइन पोर्टल पर उपलब्ध रहेगी
भारत निर्वाचन आयोग के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा कि बिहार के प्रारूप मतदाता सूची का प्रकाशन हो चुका है. यह सूची SIR आदेश के पैरा 7(4) (पृष्ठ 3) के अनुसार प्रकाशित की जा रही है. मतदाता सूची ऑनलाइन पोर्टल पर उपलब्ध रहेगी. उन्होंने कहा कि बिहार के सभी 38 जिलों में संबंधित जिला निर्वाचन पदाधिकारी (DEO) द्वारा मान्यता प्राप्त सभी राजनीतिक दलों को प्रारूप मतदाता सूची की डिजिटल और भौतिक प्रतियां प्रदान की जाएंगी. मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO), बिहार तथा राज्य के सभी 243 निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (ERO) किसी भी मतदाता या मान्यता प्राप्त राजनीतिक दल से एक सितंबर 2025 तक दावे और आपत्तियां आमंत्रित करेंगे. इस दौरान कोई भी पात्र मतदाता जो सूची में शामिल नहीं हो सका हो, अपना नाम जोड़ने, किसी अयोग्य नाम को हटाने या किसी प्रविष्टि में सुधार हेतु आवेदन कर सकता है.
7.89 करोड़ मतदाताओं में 7.24 करोड़ वोटरों के पुनरीक्षण का दावा
चुनाव आयोग ने 7.89 करोड़ मतदाताओं में से करीब 7.24 करोड़ वोटरों के पुनरीक्षण का दावा किया है और लगभग 65 लाख वोटरों का नाम तीन कारणों (मृत होने, एक जगह छोड़ बाकी वोटर लिस्ट में रहने या स्थायी तौर पर दूसरे राज्य चले जाने) से हटाया है. अब एक अगस्त को मतदाता सूची का प्रारूप प्रकाशित होते ही मतदाता को दिखने लगेगा कि उनका नाम इन 65 लाख वोटरों के साथ तो शामिल नहीं हो गया है.
Ideal Express News